राज्य विधानमंडल: संरचना

राज्य विधानमंडल बिहार की राजनीतिक व्यवस्था का केंद्र है। BPSC PT के लिए द्विसदनीय विधानमंडल, विधान परिषद की संरचना, और ऐतिहासिक तथ्य अत्यंत महत्वपूर्ण हैं।

🏛️ राज्य विधानमंडल: संरचना

बिहार में द्विसदनीय विधानमंडल है, जिसमें राज्यपाल, विधानसभा (निचला सदन) और विधान परिषद (उच्च सदन) शामिल हैं

सदनसदस्य संख्याकार्यकालविशेषताएँ
विधानसभा (Vidhan Sabha)243 निर्वाचित सदस्य 5 वर्ष प्रत्यक्ष निर्वाचन; मंत्रिपरिषद केवल इसी के प्रति उत्तरदायी
विधान परिषद (Vidhan Parishad)अधिकतम 75 सदस्य 6 वर्ष (1/3 सदस्य हर 2 वर्ष में सेवानिवृत्त) स्थायी सदन; भंग नहीं हो सकता

महत्वपूर्ण तथ्य:

  • विधान परिषद में सदस्यों का कार्यकाल 6 वर्ष का होता है, और हर दो वर्ष में एक-तिहाई सदस्य सेवानिवृत्त होते हैं
  • बिहार विधान परिषद को 1970 में समाप्त किया गया था और 1977 में पुनः स्थापित किया गया

📜 ऐतिहासिक पृष्ठभूमि (BPSC के लिए विशेष)

  • द्विसदनीय विधानमंडल की शुरुआत: बिहार के एकसदनीय विधानमंडल को भारत सरकार अधिनियम 1919 (मोंटेग्यू-चेम्सफोर्ड सुधार) द्वारा द्विसदनीय विधानमंडल में बदला गया
  • प्रथम निर्वाचित सभापति: भारत सरकार अधिनियम 1935 के तहत बिहार विधान परिषद के प्रथम निर्वाचित सभापति राजीव रंजन सिन्हा थे 70वीं BPSC (Re-Exam 2024) में यह प्रश्न पूछा गया था

📝 BPSC PT के लिए मॉडल प्रश्न

प्रश्न 1: बिहार विधानसभा में कितने निर्वाचित सदस्य हैं?
(a) 243
(b) 250
(c) 200
(d) 275

उत्तर: (a) 243
व्याख्या: बिहार विधानसभा में 243 निर्वाचित सदस्य होते हैं

प्रश्न 2: बिहार विधान परिषद के सदस्यों का कार्यकाल कितने वर्ष का होता है?
(a) 5 वर्ष
(b) 6 वर्ष
(c) 7 वर्ष
(d) 4 वर्ष

उत्तर: (b) 6 वर्ष
व्याख्या: विधान परिषद स्थायी सदन है; सदस्यों का कार्यकाल 6 वर्ष का होता है और हर 2 वर्ष में 1/3 सदस्य सेवानिवृत्त होते हैं

प्रश्न 3: बिहार के एकसदनीय विधानमंडल को द्विसदनीय विधानमंडल में किस अधिनियम ने बदला? (70वीं BPSC)
(a) भारत सरकार अधिनियम 1919
(b) भारत सरकार अधिनियम 1935
(c) भारत सरकार अधिनियम 1909
(d) भारत सरकार अधिनियम 1892

उत्तर: (a) भारत सरकार अधिनियम 1919
व्याख्या: भारत सरकार अधिनियम 1919 (मोंटेग्यू-चेम्सफोर्ड सुधार) ने बिहार के एकसदनीय विधानमंडल को द्विसदनीय बनाया

प्रश्न 4: भारत सरकार अधिनियम 1935 के तहत बिहार विधान परिषद के प्रथम निर्वाचित सभापति कौन थे? (70वीं BPSC Re-Exam)
(a) राजेंद्र प्रसाद
(b) राजीव रंजन सिन्हा
(c) राय बहादुर सतीश चंद्र
(d) उपर्युक्त में से कोई नहीं

उत्तर: (b) राजीव रंजन सिन्हा
व्याख्या: 1935 के अधिनियम के तहत बिहार विधान परिषद के प्रथम निर्वाचित सभापति राजीव रंजन सिन्हा थे

प्रश्न 5: बिहार विधान परिषद को कब समाप्त किया गया था?
(a) 1960
(b) 1970
(c) 1977
(d) 1980

उत्तर: (b) 1970
व्याख्या: बिहार विधान परिषद 1970 में समाप्त की गई और 1977 में पुनः स्थापित की गई

💡 BPSC PT के लिए रणनीति

  • संख्याएँ याद रखें: विधानसभा = 243, विधान परिषद = अधिकतम 75
  • तिथियाँ: 1919 (द्विसदनीय), 1970 (समाप्त), 1977 (पुनः स्थापित)।
  • प्रथम सभापति: राजीव रंजन सिन्हा — 70वीं BPSC में पूछा गया।
  • अंतर स्पष्ट करें: विधानसभा अस्थायी (5 वर्ष), विधान परिषद स्थायी (6 वर्ष, 1/3 सेवानिवृत्ति)

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