मराठा शासन पर संक्षिप्त नोट्स और एक अभ्यास प्रश्नपत्र
मराठा साम्राज्य BPSC PT की दृष्टि से एक अत्यंत महत्वपूर्ण विषय है, जिससे हर साल प्रश्न पूछे जाते हैं। यहाँ आपके लिए मराठा शासन पर संक्षिप्त नोट्स और एक अभ्यास प्रश्नपत्र दिया जा रहा है।
📚 मराठा साम्राज्य: एक दृष्टि में
प्रशासनिक व्यवस्था
शिवाजी ने एक सुदृढ़ और केंद्रित प्रशासनिक व्यवस्था विकसित की थी।
· केंद्रीय प्रशासन (अष्टप्रधान मंडल): शिवाजी ने राजा को सलाह देने के लिए आठ मंत्रियों की एक परिषद बनाई थी। ये थे: पेशवा (प्रधानमंत्री), अमात्य (वित्त मंत्री), मंत्री (लेखा अधिकारी), सचिव (दस्तावेज मंत्री), सुमंत (विदेश मंत्री), सेनापति (सैन्य प्रमुख), पंडितराव (धार्मिक प्रमुख), न्यायाधीश (न्याय प्रमुख)।
· सैन्य व्यवस्था: यह बहुत सुदृढ़ थी। किलों पर विशेष नियंत्रण था।
राजस्व व्यवस्था
· कर: चौथ (25%) और सरदेशमुखी (10%) दो मुख्य कर थे।
· भू-राजस्व: भूमि की उपज का 40% (दो-पांचवां हिस्सा) राज्य का हिस्सा था।
मराठा शक्ति का उदय
· मुख्य कारण: भक्ति आंदोलन (संत रामदास जैसे धार्मिक गुरुओं की भूमिका), बिजापुर और गोलकुंडा जैसे दक्कन सल्तनतों का कमजोर होना।
· प्रभावशाली शासक: छत्रपति शिवाजी महाराज (संस्थापक), पेशवा बाजीराव प्रथम (‘हिंदू पादशाही‘ की अवधारणा के जनक), और माधवराव प्रथम (पानीपत के बाद साम्राज्य को पुनर्जीवित करने वाले)।
· पतन के कारण: तीसरा पानीपत युद्ध और अंग्रेजों से हुए तीन एंग्लो-मराठा युद्ध।
✍️ BPSC PT अभ्यास प्रश्नपत्र (मराठा साम्राज्य)
नीचे दिए गए प्रश्नों का उत्तर देकर अपनी तैयारी का आकलन करें।
1. 1674 में शिवाजी का राज्याभिषेक कहाँ हुआ था, जो उनकी राजधानी भी बना?
(A) सातारा
(B) रायगढ़
(C) पुणे
(D) सिंहगढ़
सही उत्तर: (B) रायगढ़
व्याख्या: शिवाजी का राज्याभिषेक 1674 में रायगढ़ के किले में एक भव्य समारोह में हुआ था। इसके बाद रायगढ़ मराठा साम्राज्य की राजधानी बन गया।
2. शिवाजी के ‘अष्टप्रधान‘ में प्रधानमंत्री को क्या कहा जाता था?
(A) अमात्य
(B) सचिव
(C) पेशवा
(D) सुमंत
सही उत्तर: (C) पेशवा
व्याख्या: अष्टप्रधान मंत्रिपरिषद में पेशवा प्रधानमंत्री होता था। इसके अलावा, अमात्य वित्त मंत्री, सचिव दस्तावेज मंत्री और सुमंत विदेश मंत्री का पद संभालते थे।
3. मराठा साम्राज्य का संस्थापक कौन था?
(A) शम्भाजी
(B) बाजीराव प्रथम
(C) शिवाजी
(D) साहू
सही उत्तर: (C) शिवाजी
व्याख्या: छत्रपति शिवाजी महाराज ने 17वीं शताब्दी के मध्य में मुगलों और बीजापुर सल्तनत से संघर्ष कर मराठा साम्राज्य की नींव रखी।
4. निम्नलिखित में से किसने मराठा साम्राज्य को पुनर्जीवित करने का श्रेय प्राप्त है?
(A) बालाजी विश्वनाथ
(B) माधवराव प्रथम
(C) नारायणराव
(D) बाजीराव द्वितीय
सही उत्तर: (B) माधवराव प्रथम
व्याख्या: 1761 के तीसरे पानीपत युद्ध में मराठों को करारी हार का सामना करना पड़ा था। इस हार के बाद पेशवा माधवराव प्रथम ने मराठा साम्राज्य को पुनर्जीवित किया और इसकी खोई हुई प्रतिष्ठा को वापस दिलाया।
5. मराठों द्वारा वसूला जाने वाला 10% कर क्या कहलाता था?
(A) चौथ
(B) जजिया
(C) जकात
(D) सरदेशमुखी
सही उत्तर: (D) सरदेशमुखी
व्याख्या: मराठा सरकार दो मुख्य कर वसूल करती थी। चौथ (25%) एक प्रकार का संरक्षण कर था, जबकि सरदेशमुखी (10%) अतिरिक्त राजस्व था।
6. ‘हिंदू पादशाही‘ की अवधारणा किस पेशवा ने प्रतिपादित की थी?
(A) बालाजी विश्वनाथ
(B) बाजीराव प्रथम
(C) बालाजी बाजीराव
(D) माधवराव प्रथम
सही उत्तर: (B) बाजीराव प्रथम
व्याख्या: पेशवा बाजीराव प्रथम ने ‘हिंदू पादशाही‘ (हिंदू साम्राज्य) का विचार प्रतिपादित किया था और उन्हें मराठा साम्राज्य का वास्तविक वास्तुकार माना जाता है।
7. अहमद शाह अब्दाली ने मराठों को किस युद्ध में पराजित किया था?
(A) प्लासी का युद्ध
(B) बक्सर का युद्ध
(C) तीसरा पानीपत का युद्ध
(D) खानवा का युद्ध
सही उत्तर: (C) तीसरा पानीपत का युद्ध
व्याख्या: अहमद शाह अब्दाली ने 14 जनवरी, 1761 को मराठों को तीसरे पानीपत के युद्ध में हराया था। यह युद्ध मराठा साम्राज्य के लिए एक बड़ा झटका साबित हुआ।
8. सुमेलित कीजिए:
सूची I (पद) सूची II (कार्य)
A. सचिव 1. प्रधानमंत्री
B. पेशवा 2. दस्तावेज मंत्री
C. सुमंत 3. वित्त मंत्री
D. अमात्य 4. विदेश मंत्री
सही कूट का चयन करें:
(A) A-1, B-2, C-3, D-4
(B) A-2, B-1, C-4, D-3
(C) A-4, B-3, C-2, D-1
(D) A-1, B-4, C-2, D-3
सही उत्तर: (B) A-2, B-1, C-4, D-3
व्याख्या: यह BPSC के 70वें प्रारंभिक परीक्षा (2024) में पूछा गया एक प्रश्न है। सचिव ‘दस्तावेज मंत्री‘, पेशवा ‘प्रधानमंत्री‘, सुमंत ‘विदेश मंत्री‘, और अमात्य ‘वित्त मंत्री‘ होते थे।
9. पानीपत के तीसरे युद्ध (1761) के तुरंत बाद, मराठों का सियासी केंद्र कहाँ स्थानांतरित हो गया था?
(A) सातारा से पुणे
(B) रायगढ़ से सातारा
(C) पुणे से सातारा
(D) सातारा से रायगढ़
सही उत्तर: (A) सातारा से पुणे
व्याख्या: राजा साहू की मृत्यु के बाद, मराठा शक्ति का केंद्र सातारा से पुणे स्थानांतरित हो गया था। पेशवाओं के उदय के साथ ही पुणे प्रशासनिक राजधानी बन गया था।
10. निम्नलिखित कथनों पर विचार करें:
1. बाजीराव प्रथम ‘हिंदू पादशाही‘ की अवधारणा के प्रणेता थे।
2. बाजीराव प्रथम के शासनकाल में मराठा राजधानी सातारा से पुणे स्थानांतरित हुई।
3. बालाजी बाजीराव (नाना साहब) के शासनकाल में तीसरा पानीपत का युद्ध हुआ।
4. बालाजी विश्वनाथ मराठा साम्राज्य के पहले पेशवा थे।
नीचे दिए गए कूट से सही कथनों का चयन करें:
(A) केवल 1 और 3
(B) केवल 2, 3 और 4
(C) केवल 1, 2 और 3
(D) केवल 1 और 4
सही उत्तर: (C) केवल 1, 2 और 3
व्याख्या: कथन 1, 2 और 3 सही हैं। कथन 4 गलत है क्योंकि मराठा साम्राज्य के पहले पेशवा मोरोपंत त्रिंबक पिंगले थे, बालाजी विश्वनाथ नहीं।
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नोट: 6 जून 2026 को होने वाली BPSC 70वीं PT की तैयारी कर रहे अभ्यर्थी यह जानकारी UPSC, SSC, और अन्य राज्य PSC की परीक्षाओं के लिए भी उपयोगी पा सकते हैं।
📚 मराठा शासन के प्रमुख युद्ध: एक दृष्टि में
1. मराठा-मुगल संघर्ष (Maratha-Mughal Conflicts)
ये युद्ध 17वीं और 18वीं शताब्दी की शुरुआत में मराठा साम्राज्य और मुगल साम्राज्य के बीच लड़े गए।
युद्ध का नाम वर्ष प्रतिद्वंद्वी परिणाम
प्रतापगढ़ का युद्ध 1659 मराठा vs बीजापुर सल्तनत विजय
पावनखिंड का युद्ध 1660 मराठा vs बीजापुर सल्तनत अनिर्णीत
पन्हाला का युद्ध 1660 मराठा vs बीजापुर सल्तनत पराजय
चाकन का युद्ध 1660 मराठा vs मुगल साम्राज्य पराजय
उंबरखिंड का युद्ध 1661 मराठा vs मुगल साम्राज्य विजय
सूरत का युद्ध 1664 मराठा vs मुगल साम्राज्य विजय
पुरंदर का युद्ध 1665 मराठा vs मुगल साम्राज्य पराजय
पुरंदर का युद्ध 1665 मराठा vs मुगल साम्राज्य पराजय
सिंहगढ़ का युद्ध 1670 मराठा vs मुगल साम्राज्य विजय
सालहेर का युद्ध 1672 मराठा vs मुगल साम्राज्य विजय
भूपालगढ़ का युद्ध 1679 मराठा vs मुगल साम्राज्य पराजय
कल्याण का युद्ध 1682-84 मराठा vs मुगल साम्राज्य विजय
रामसेज का युद्ध 1682-88 मराठा vs मुगल साम्राज्य पराजय
वाई का युद्ध 1687 मराठा vs मुगल साम्राज्य विजय
मुगल-मराठा युद्ध (1680-1707): औरंगजेब ने 1680 में दक्कन पर आक्रमण किया, जिससे ये युद्ध आरंभ हुए। औरंगजेब की मृत्यु (1707) के बाद मुगल साम्राज्य कमजोर हुआ और मराठे उत्तर भारत की ओर बढ़े。
2. मराठा-निज़ाम युद्ध (Maratha-Nizam Wars)
ये युद्ध 18वीं शताब्दी में मराठा साम्राज्य और हैदराबाद के निज़ाम के बीच क्षेत्रीय विवादों के कारण हुए।
युद्ध का नाम वर्ष प्रतिद्वंद्वी परिणाम
पालखेड़ का युद्ध 1728 मराठा vs हैदराबाद विजय
उरूली का युद्ध 1762 मराठा vs हैदराबाद विजय
रक्षसभुवन का युद्ध 1763 मराठा vs हैदराबाद विजय
खरदा का युद्ध 1795 मराठा vs हैदराबाद विजय
3. पानीपत का तृतीय युद्ध (1761)
· युद्ध: मराठा साम्राज्य (सदाशिवराव भाऊ) vs दुर्राणी साम्राज्य (अहमद शाह अब्दाली)
· परिणाम: मराठों की करारी हार। यह 18वीं सदी की सबसे बड़ी और खूनी लड़ाइयों में से एक थी, जिसमें अनुमानित 60,000-70,000 लोग मारे गए।
4. आंग्ल-मराठा युद्ध (Anglo-Maratha Wars)
ये ब्रिटिश ईस्ट इंडिया कंपनी और मराठा साम्राज्य के बीच लड़े गए तीन युद्धों की एक श्रृंखला थी, जिसके परिणामस्वरूप अंततः मराठा शक्ति का पतन हुआ।
युद्ध अवधि कारण परिणाम/संधि
प्रथम आंग्ल-मराठा युद्ध 1775-1782 पेशवा पद को लेकर रघुनाथ राव और माधव राव के बीच विवाद। ब्रिटिशों ने रघुनाथ राव के साथ सूरत की संधि (1775) की। मराठों की विजय। सालबाई की संधि (1782) हुई, जिससे युद्ध समाप्त हुआ।
द्वितीय आंग्ल-मराठा युद्ध 1803-1805 पेशवा बाजीराव द्वितीय द्वारा बेसिन की संधि (1802) पर हस्ताक्षर, जिससे मराठे अंग्रेजों के संरक्षण में आ गए। ब्रिटिश विजय। प्रमुख युद्ध: असाये का युद्ध (आर्थर वेलेजली)।
तृतीय आंग्ल-मराठा युद्ध 1817-1819 अंग्रेजों और पिंडारियों के बीच संघर्ष। इसे पिंडारी युद्ध भी कहते हैं। ब्रिटिश विजय। मराठा साम्राज्य का पूर्ण रूप से अंत और पेशवा शासन का औपचारिक अंत।
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✍️ BPSC PT अभ्यास प्रश्नपत्र (मराठा साम्राज्य के युद्ध)
1. प्रतापगढ़ का प्रसिद्ध युद्ध किसके बीच लड़ा गया था?
(A) मराठा और मुगल
(B) मराठा और बीजापुर सल्तनत
(C) मराठा और अंग्रेज
(D) मराठा और निजाम
सही उत्तर: (B) मराठा और बीजापुर सल्तनत
व्याख्या: प्रतापगढ़ का युद्ध 1659 में शिवाजी महाराज के नेतृत्व में मराठों और बीजापुर सल्तनत के बीच लड़ा गया था, जिसमें मराठों की विजय हुई।
2. 1761 के तृतीय पानीपत युद्ध में मराठा सेना का नेतृत्व किसने किया था?
(A) पेशवा बाजीराव प्रथम
(B) सदाशिवराव भाऊ
(C) बालाजी बाजीराव
(D) माधवराव प्रथम
सही उत्तर: (B) सदाशिवराव भाऊ
व्याख्या: तृतीय पानीपत युद्ध (14 जनवरी, 1761) में मराठा सेना का नेतृत्व सदाशिवराव भाऊ ने किया था, जबकि अहमद शाह अब्दाली ने दुर्राणी साम्राज्य का नेतृत्व किया था।
3. प्रथम आंग्ल-मराठा युद्ध किस संधि के साथ समाप्त हुआ था?
(A) सूरत की संधि
(B) बेसिन की संधि
(C) सालबाई की संधि
(D) पुरंदर की संधि
सही उत्तर: (C) सालबाई की संधि
व्याख्या: प्रथम आंग्ल-मराठा युद्ध (1775-1782) का समापन सालबाई की संधि (1782) के साथ हुआ था। इस युद्ध में मराठों की विजय हुई थी।
4. पालखेड़ का युद्ध (1728) किसके बीच लड़ा गया था?
(A) मराठा और अंग्रेज
(B) मराठा और मुगल
(C) मराठा और निजाम
(D) मराठा और राजपूत
सही उत्तर: (C) मराठा और निजाम
व्याख्या: पालखेड़ का युद्ध 1728 में पेशवा बाजीराव प्रथम और हैदराबाद के निज़ाम के बीच लड़ा गया था, जिसमें मराठों की विजय हुई।
5. ‘बेसिन की संधि’ पर किस पेशवा ने हस्ताक्षर किए थे?
(A) बालाजी विश्वनाथ
(B) बाजीराव प्रथम
(C) बालाजी बाजीराव
(D) बाजीराव द्वितीय
सही उत्तर: (D) बाजीराव द्वितीय
व्याख्या: बेसिन की संधि पर 1802 में पेशवा बाजीराव द्वितीय ने हस्ताक्षर किए थे। इस संधि के परिणामस्वरूप मराठे अंग्रेजों के संरक्षण में आ गए, जिससे द्वितीय आंग्ल-मराठा युद्ध की शुरुआत हुई।
6. ‘पिंडारी युद्ध’ के नाम से कौन सा युद्ध प्रसिद्ध है?
(A) प्रथम आंग्ल-मराठा युद्ध
(B) द्वितीय आंग्ल-मराठा युद्ध
(C) तृतीय आंग्ल-मराठा युद्ध
(D) मराठा-निज़ाम युद्ध
सही उत्तर: (C) तृतीय आंग्ल-मराठा युद्ध
व्याख्या: तृतीय आंग्ल-मराठा युद्ध (1817-1819) को ‘पिंडारी युद्ध‘ के नाम से भी जाना जाता है, क्योंकि इसका मुख्य कारण अंग्रेजों और पिंडारियों के बीच संघर्ष था।
7. पेशवा पद को लेकर विवाद किस युद्ध का प्रमुख कारण था?
(A) तृतीय पानीपत का युद्ध
(B) प्रथम आंग्ल-मराठा युद्ध
(C) द्वितीय आंग्ल-मराठा युद्ध
(D) पालखेड़ का युद्ध
सही उत्तर: (B) प्रथम आंग्ल-मराठा युद्ध
व्याख्या: 1775 में माधव राव और रघुनाथ राव के बीच पेशवा पद को लेकर विवाद हुआ, जिसका लाभ उठाकर अंग्रेजों ने रघुनाथ राव के साथ सूरत की संधि की। यही प्रथम आंग्ल-मराठा युद्ध का मुख्य कारण बना।
8. सूची-I (युद्ध) को सूची-II (वर्ष) के साथ सुमेलित कीजिए:
सूची I (युद्ध) सूची II (वर्ष)
A. पानीपत का तृतीय युद्ध 1. 1728
B. पालखेड़ का युद्ध 2. 1761
C. प्रथम आंग्ल-मराठा युद्ध 3. 1775-1782
सही विकल्प चुनें:
(A) A-1, B-2, C-3
(B) A-2, B-1, C-3
(C) A-2, B-3, C-1
(D) A-1, B-3, C-2
सही उत्तर: (B) A-2, B-1, C-3
व्याख्या: तृतीय पानीपत युद्ध (A) 1761 (2) में हुआ, पालखेड़ का युद्ध (B) 1728 (1) में हुआ, और प्रथम आंग्ल-मराठा युद्ध (C) 1775-1782 (3) के बीच लड़ा गया था।
9. तृतीय आंग्ल-मराठा युद्ध का सीधा परिणाम क्या था?
(A) मराठा साम्राज्य का विस्तार
(B) मराठा शक्ति का पूर्ण रूप से अंत
(C) पेशवा का सर्वोच्च शासक बनना
(D) अंग्रेजों का भारत से बाहर निकलना
सही उत्तर: (B) मराठा शक्ति का पूर्ण रूप से अंत
व्याख्या: तृतीय आंग्ल-मराठा युद्ध (1817-1819) ने मराठा साम्राज्य का पूर्ण रूप से अंत कर दिया। इस युद्ध ने औपचारिक रूप से पेशवा शासन को समाप्त कर दिया और ब्रिटिश ईस्ट इंडिया कंपनी के शासन को मजबूत किया。
10. वाई का युद्ध (1687) किसके बीच लड़ा गया था?
(A) मराठा और अंग्रेज
(B) मराठा और निजाम
(C) मराठा और मुगल
(D) मराठा और राजपूत
सही उत्तर: (C) मराठा और मुगल
व्याख्या: वाई का युद्ध 1687 में मराठा साम्राज्य और मुगल साम्राज्य के बीच लड़ा गया था। इसमें मराठा सेनापति हंबीरराव मोहिते मारे गए थे।
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नोट: यह अभ्यास सेट BPSC PT सहित सभी राज्य एवं केंद्रीय प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए उपयोगी है।